• Sun. Feb 15th, 2026

जीव की मुक्ति का मार्ग प्रशस्त करती है श्रीमद् भागवत कथा – आचार्य मनीष

ByVijay Singhal

Mar 20, 2025
Spread the love
मथुरा। बलदेव में रीढ़ा स्थित हरी कोठी में आयोजित  श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन व्यास पीठ से प्रवचन करते हुए भागवताचार्य आचार्य मनीष गर्गाचार्य ने राजा परीक्षित और शुकदेव जी के बीच हुए संवाद का उल्लेख करते हुए कहा कि श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से जीव को मुक्ति का मार्ग मिल जाता है। श्रीमद्भागवत कथा ही कलयुग में जीवन का आधार है। यह मानव को मोक्ष की तरफ ले जाती है और मानव के दुखों को दूर करने में सहायता करती है।
श्रीमद् भागवत कथा के तीसरे दिन भक्त प्रह्लाद प्रसंग का बखान किया गया। आचार्य मनीष गर्गाचार्य ने कहा कि भक्त प्रह्लाद ने माता कयाधु के गर्भ में ही नारायण नाम का मंत्र सुना था। जिसके सुनने मात्र से भक्त प्रह्लाद के कई कष्ट दूर हो गए थे।  उन्होंने भगवान श्री कृष्ण की पावन लीलाओं का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि बच्चों को धर्म का ज्ञान बचपन में दिया जाता है, वह जीवन भर उसका ही स्मरण करता है। ऐसे में बच्चों को धर्म व आध्यात्म का ज्ञान दिया जाना चाहिए। माता-पिता की सेवा व प्रेम के साथ समाज में रहने की प्रेरणा ही धर्म का मूल है। अच्छे संस्कारों के कारण ही ध्रुव जी को पांच वर्ष की आयु में भगवान का दर्शन प्राप्त हुआ। इस अवसर पर परीक्षित मुकुट बिहारी चौधरी, प्रीति चौधरी आदि उपस्थित रहे। श्रीमद भागवत एवं व्यास पीठ के आचार्य मनीष गर्गाचार्य का स्थानीय डा.जगदीश पाठक व युवा समाजसेवी सुजीत वर्मा ने सम्मान किया।
7455095736
Vijay Singhal
Author: Vijay Singhal

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published.