हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। अलीगढ़ के लोधा थाना क्षेत्र में मिले विस्फोटक के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार करते हुए सारी घटना का खुलासा किया है। आरोपी युवक ही यह विस्फोटक खरीदकर लाया था और फिर उसने इसे लोधा थाना क्षेत्र में अलीगढ़-पलवल मार्ग पर फेंक दिया था। इसके बाद आरोपी ने पुलिस कंट्रोल रूम के 112 नंबर पर सूचना देकर बताया था कि दो संदिग्ध व्यक्ति हाईवे पर एक बैग फेंककर गए हैं। उसने फोन पर अपना नाम गलत बताया था और अपने दोस्त और किराएदार की गाड़ी का नंबर पुलिस को बताया था, जिससे पुलिस उसे गिरफ्तार कर ले। लेकिन पुलिस ने इस सारे मामले का खुलासा कर दिया है। अलीगढ़ पुलिस को मंगलवार को सूचना मिली थी कि गोंडा थाना क्षेत्र के अलीगढ-पलवल मार्ग पर दो बाइक सवार एक बैग को संदिग्ध अवस्था में सड़क किनारे फेंक कर गए हैं। कंट्रोल रूम के जरिए एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी थी, जिसके बाद पुलिस तत्काल मौके पर पहुंच गई थी। बैग की जांच करने पर इसमें से विस्फोटक सामग्री मिली थी। विस्फोटक सामग्री देखकर पुलिस के होश उड़ गए। तत्काल मौके पर बम निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वायड, पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे। जन्माष्टमी का त्योहार नजदीक था, इसलिए पुलिस किसी तरह की लापरवाही नहीं करना चाहती थी।जांच में पता चला कि यह टनल, माइंस खनन के दौरान किए जाने वाले विस्फोट के लिए इस्तेमाल होता है। डेटोनेटर में विस्फोट के समय प्रयोग होने वाली जो कैंडिल्स बरामद हुई हैं। वह अधूरा पार्ट है। उनके साथ वायर, डेटोनेटर आदि जुड़ता है, तब विस्फोट किया जा सकता है। तब अधिकारियों ने राहत की सांस ली। एसपी सिटी मृगांक शेखर पाठक ने बताया कि पुलिस रात से ही बाइक सवारों की तलाश में जुट गई।सीसीटीबी कैमरों की छानबीन की गई और मुखबिर नेटवर्क एलर्ट कर दिया गया। तब मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने नेक्सा सर्विस सेंटर के पास से एक युवक को पकड़ लिया, जबकि उसके दो साथी मौके का फायदा उठाकर भाग गए। पूछताछ में उसने अपना चांद कुरैशी पुत्र यामीन कुरैशी निवासी टोली मोहल्ला कस्बा नौहझील मथुरा बताया। तलाशी में उसके कब्जे से एक डेटोनेटर विस्फोटक पदार्थ बरामद हुआ। पहले तो वह पुलिस को गुमराह करने लगा, जब सख्ती से पूछताछ की गई तो उसने सारे राज उगल दिए। उसने ही पुलिस को झूठी सूचना दी थी। आरोपी चांद कुरैशी ने बताया कि उसका मथुरा के नौहझील में गैराज है, जो उसके पुराने परिचित के पास टोली मुहल्ला निवासी जावेद के पा किराए पर है। वह गैराज खाली कराना चाहता है, लेकिन जावेद इसे खाली नहीं करना चाहता है। इसी बात को लेकर उसका विवाद चल रहा है। जावेद को फंसाने के लिए ही उसने सारी प्लानिंग की थी और पुलिस को फोन किया था। आरोपी ने पुलिस को विकास चौधरी पुत्र रामकुमार के नाम से फोन किया था। इसके साथ ही उसने जावेद की बाइक का नंबर बताते हुए पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, जिससे कि पुलिस जावेद को गिरफ्तार कर ले और उसका गैराज खाली हो जाए। पुलिस को गुमराह करने और विस्फोटक रखने के आरोपी चांद के साथ दो और लोग थे, जो मौके से भाग गए। पुलिस उनकी तलाश में भी छापेमारी कर रही है। इसके साथ ही पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी यह सामान कहां से खरीदकर लाया था। अलीगढ़ बार्डर हरियाणा से सटा हुआ है। वहीं आरोपी मथुरा का रहने वाला है, जहां से राजस्थान का बार्डर बिल्कुल नजदीक है। ऐसे में पुलिस दोनों राज्यों में भी संपर्क कर रही है, जिससे यह पता चल सके कि यह सामग्री कहां से खरीदी गई थी। फिलहाल आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि आरोपी मथुरा का रहने वाला है और उसने डायल 112 पर गलत नाम बताकर सूचना दी थी। आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और कानूनी कार्रवाई करते हुए उसे जेल भेजा जाएगा। पुलिस की जांच जारी है और जल्दी ही अन्य तथ्य भी सामने आ जाएंगे।
