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बी.एस.ए. कॉलेज की जमीन और 40 करोड़ के घोटाले पर पुरातन छात्र परिषद सख्त

ByVijay Singhal

May 24, 2025
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हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। बी.एस.ए. (पी.जी.) कॉलेज, मथुरा में हुए करीब 40 करोड़ रुपये के घोटाले और कॉलेज की मूल्यवान भूमि के अवैध पट्टे से जुड़े गंभीर मामलों को लेकर अब पुरातन छात्र परिषद भी सक्रिय हो गई है। परिषद के अध्यक्ष चौ. कृष्णवीर सिंह (पूर्व ब्लॉक प्रमुख राया) और सचिव शैलेश मिश्रा (जिला हॉकी संघ) ने कॉलेज प्राचार्य को एक औपचारिक पत्र लिखकर दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की माँग की है। पत्र में परिषद ने प्राचार्य की अब तक की शैक्षिक और संस्थागत प्रगति के लिए सराहना व्यक्त करते हुए कहा कि कॉलेज के खातों से करोड़ों रुपये का गबन और कॉलेज की बेशकीमती भूमि का निजी संस्थानों को अवैध रूप से सौंपा जाना अत्यंत चिंता का विषय है। बी.एस.ए. कॉलेज की करोड़ों की सम्पत्ति को निजी संस्थाओं द्वारा स्वार्थवश उपयोग में लाना और अवैध पट्टों पर देना एक सुनियोजित षड्यंत्र प्रतीत होता है। करीब ₹40 करोड़ की धनराशि जो गरीब छात्रों की फीस और कॉलेज विकास के लिए थी वह खुर्दबुर्द की जिस पर आज तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। प्राचार्य को शासन का प्रतिनिधि मानते हुए परिषद ने कहा है कि नैतिक और प्रशासनिक जिम्मेदारी के अंतर्गत त्वरित कार्यवाही आवश्यक है। पुरातन छात्र परिषद ने मांग की है कि इस प्रकरण की न्यायसंगत और निष्पक्ष जांच कराकर संबंधित दोषियों के विरुद्ध आपराधिक मुकदमा पंजीकृत किया जाए, साथ ही महाविद्यालय की जमीन को पुनः कॉलेज प्रशासन के नियंत्रण में लाया जाए और घोटाले की गई पूरी धनराशि की वसूली की जाए। यह पत्र ऐसे समय में सामने आया है जब अभिभावक संघ, शिक्षक संघ और छात्र संगठनों में भी इस घोटाले को लेकर रोष है।
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Author: Vijay Singhal

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मथुरा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह प्रकरण को लेकर 6 दिसंबर को मथुरा में प्रस्तावित कार सेवा को लेकर हरिद्वार में अखाड़ा परिषद ने स्थिति स्पष्ट की है। हरिद्वार में अखाड़ा परिषद से जुड़े संतों ने कहा कि 6 दिसंबर को परिषद की ओर से मथुरा में किसी भी प्रकार की कार सेवा नहीं होगी। अखाड़ा परिषद किसी कार सेवा का समर्थन नहीं करती है और अखाड़ा परिषद का कार से सेवा से कोई मतलब नहीं है। यह बात उन्होंने हरिद्वार में श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर निर्माण के संकल्प के साथ लाई गई रजत शिला का विधि-विधान से पूजन के दौरान कही। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष डाॅ. रवींद्र पुरी महाराज एवं निरंजनी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर कैलाशानंद महाराज ने अपने स्थान पर संकल्पित रजत शिला का पूजन किया। उधर, संतों से कहा कि न्यायालय के आदेश के बिना वह किसी प्रकार का समर्थन नहीं करेंगे।डाॅ. रवींद्र पुरी महाराज ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में ऐसा कोई कदम नहीं उठाया जा सकता है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े मामले का समाधान न्यायालय के माध्यम से ही संभव है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि प्रकरण में हिंदू पक्ष के याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज ने कहा कि उन्हें न्यायालय पर पूरा विश्वास है। जिस प्रकार अयोध्या मामले में न्यायालय के माध्यम से फैसला आया, उसी प्रकार मथुरा प्रकरण में भी न्यायालय से निर्णय आने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि 6 दिसंबर को अखाड़ा परिषद की ओर से किसी भी प्रकार की कार सेवा का कार्यक्रम नहीं होगा। उन्होंने दावा किया कि प्रकरण से संबंधित प्राचीन साक्ष्य न्यायालय में प्रस्तुत किए जा चुके हैं और इन्हीं के आधार पर न्यायालय निर्णय करेगा। 7455095736
मथुरा में 6 दिसंबर को कार सेवा नहीं होगी:अखाड़ा परिषद ने किया कार्यक्रम रद्द,

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