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राया और बलदेव में मां-नवजात शिशु सुरक्षा कक्ष का शुभारंभ

ByVijay Singhal

May 29, 2025
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हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा के राया, बलदेव। मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह और जिलाधिकारी चंद्रप्रकाश सिंह राया और बलदेव पहुंचे। यहां सीएचसी का निरीक्षण किया और मां नवजात शिशु सुरक्षा कक्ष का फीता काटकर शुभारंभ किया। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र राया पर निरीक्षण किया। लोगों ने बताया कि केंद्र पर पेयजल की व्यवस्था नहीं है। रात के समय चिकित्सक भी नहीं रहते हैं। यहां नवजात शिशु एवं प्रसव उपरांत प्रसूता के लिए स्वास्थ्य कक्ष का फीता काट कर शुभारंभ किया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनई का भी निरीक्षण किया। बलदेव में सीएचसी पर मदर न्यूबॉर्न केयर यूनिट का कमिश्नर ने फीता काटकर शुभारंभ किया। यहां प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी, जीवन रक्षक उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। यूनिट की स्थापना में कम्युनिटी इम्पावरमेंट लैब की तकनीकी सहायता ली गई है। सीएमओ डॉ. एके वर्मा, डॉ. विजेंद्र सिंह सिसोदिया, डाॅ. शशि शेखर, डाॅ. विपिन, डॉ. संजीव यादव, डॉ. सोनल शर्मा, डॉ. भावना सारस्वत, डॉ. श्रुति सिंह, विवेक सारस्वत, श्याम वर्मा आदि मौजूद रहे।
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मथुरा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह प्रकरण को लेकर 6 दिसंबर को मथुरा में प्रस्तावित कार सेवा को लेकर हरिद्वार में अखाड़ा परिषद ने स्थिति स्पष्ट की है। हरिद्वार में अखाड़ा परिषद से जुड़े संतों ने कहा कि 6 दिसंबर को परिषद की ओर से मथुरा में किसी भी प्रकार की कार सेवा नहीं होगी। अखाड़ा परिषद किसी कार सेवा का समर्थन नहीं करती है और अखाड़ा परिषद का कार से सेवा से कोई मतलब नहीं है। यह बात उन्होंने हरिद्वार में श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर निर्माण के संकल्प के साथ लाई गई रजत शिला का विधि-विधान से पूजन के दौरान कही। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष डाॅ. रवींद्र पुरी महाराज एवं निरंजनी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर कैलाशानंद महाराज ने अपने स्थान पर संकल्पित रजत शिला का पूजन किया। उधर, संतों से कहा कि न्यायालय के आदेश के बिना वह किसी प्रकार का समर्थन नहीं करेंगे।डाॅ. रवींद्र पुरी महाराज ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में ऐसा कोई कदम नहीं उठाया जा सकता है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े मामले का समाधान न्यायालय के माध्यम से ही संभव है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि प्रकरण में हिंदू पक्ष के याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज ने कहा कि उन्हें न्यायालय पर पूरा विश्वास है। जिस प्रकार अयोध्या मामले में न्यायालय के माध्यम से फैसला आया, उसी प्रकार मथुरा प्रकरण में भी न्यायालय से निर्णय आने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि 6 दिसंबर को अखाड़ा परिषद की ओर से किसी भी प्रकार की कार सेवा का कार्यक्रम नहीं होगा। उन्होंने दावा किया कि प्रकरण से संबंधित प्राचीन साक्ष्य न्यायालय में प्रस्तुत किए जा चुके हैं और इन्हीं के आधार पर न्यायालय निर्णय करेगा। 7455095736
मथुरा में 6 दिसंबर को कार सेवा नहीं होगी:अखाड़ा परिषद ने किया कार्यक्रम रद्द,

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