हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। दस दिन पूर्व दिल्ली से लापता छत्तीसगढ़ भवन के कैंटीन संचालक का शव मथुरा के जमुनापार थाना क्षेत्र अंतर्गत यमुना नदी से पांच हिस्सों में मिला है। सिर, दोनों हाथ व पैर मिले हैं, लेकिन धड़ का अब तक सुराग नहीं लग सका है। इस मामले में दिल्ली के बिंदापुर थाने में गुमशुदगी दर्ज है। स्वजन के अनुसार कैंटीन संचालक की लूटपाट के बाद नृशंस तरीके से हत्या की गई है। हत्या की वजह अकाउंट से पैसे ट्रांसफर न किया जाना माना जा रहा है। रविवार की शाम डॉक्टरों के पैनल से वीडियोग्राफी के साथ शव का पोस्टमार्टम कराया गया। स्वजन शव को दिल्ली ले गए। दिल्ली के द्वारिका क्षेत्र अंतर्गत सेक्टर-14 राधिका अपार्टमेंट फ्लैट संख्या-281 में राम अवतार गुप्ता के 48 वर्षीय पुत्र अनुरूप गुप्ता रहते हैं। वह दिल्ली में छत्तीसगढ़ राज्य भवन में कैंटीन संचालक थे। पोस्टमार्टम हाउस पर मौजूद स्वजन ने बताया, 18 फरवरी की दोपहर बाद अनुरूप गुप्ता के पास किसी दोस्त की कॉल आई और पार्टी के बहाने द्वारिका के मटियाला स्थित अपने फ्लैट पर बुलाया। इसके बाद उनका कोई सुराग नहीं लगा। पुलिस जांच में जुटी और चार-पांच लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। शनिवार को आरोपितों ने पुलिस को अनुरूप की हत्या कर शव मथुरा जिले में वृंदावन के पास यमुना नदी में फेंकने की बात स्वीकारी। जमुनापार थाना पुलिस ने शव की तलाश की तो शहर के पुराने पुल से वृंदावन की ओर बरामद हुआ है। हत्या नृशंस तरीके से की गई है। शव को काटकर फेंका गया है। दोनों हाथ व पैर और सिर अलग बरामद हुआ है। लेकिन, धड़ अब तक बरामद नहीं हो सका है। जमुनापार थाने के प्रभारी निरीक्षक विदेश कुमार त्यागी ने बताया, दिल्ली थाने में गुमशुदगी दर्ज है, यहां से सूचना पर शव बरामद हुआ है। इस मामले में कार्रवाई दिल्ली पुलिस ही कर रही है। दिल्ली पुलिस ने यहां आकर शव मिलने वाले स्थल को देखा और फिर चली गई।स्वजन के अनुसार, जिस दोस्त के घर पर अनुरूप को बुलाया गया था, वहां एक लड़की व एक युवक पहले मौजूद था। बाद में उसके अन्य साथी आ गए। इसके बाद वारदात को अंजाम दिया।
