
वृंदावन के निवासियों ने की बैठक
मथुरा वृंदावन रेल लाइन के समर्थन में वृंदावन के निवासियों ने बैठक की। इस बैठक में शामिल हुए लोगों ने कहा कि यह रेल लाइन 160 वर्ष से ज्यादा पुरानी है जो कि एक ऐतिहासिक लाइन है। वर्तमान में जो प्रोजेक्ट लाया गया है वह वृंदावन के विकास में चार चांद लगा देगा। किंतु कुछ लोगों द्वारा नासमझी दिखाते हुए इस प्रोजेक्ट का विरोध किया जा रहा है। बैठक के दौरान रेल लाइन के समर्थन में रेल संघर्ष मोर्चा का गठन किया गया। इसका संयोजक श्याम सुंदर गौतम और अध्यक्ष संजीव सिंह बाबा को बनाया गया। बैठक में श्याम सुंदर गौतम ने कहा कि मथुरा में कुंवर नरेंद्र सिंह और पूर्व मंत्री श्याम सुंदर शर्मा द्वारा यह स्वीकार किया गया कि मथुरा से वृंदावन तक रेलवे की 200 फीट चौड़ी जगह है। अतः रेल प्रशासन से मांग करते हैं कि सबसे पहले उस जगह को खाली कराया जाए। इसके बाद सभी लोगों की भावनाओं का ध्यान रखते हुए रेलवे प्रोजेक्ट को पूरा किया जाए। रेल संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष संजीव सिंह बाबा ने बताया कि 11 सदस्यीय वर्किंग कमेटी बनाई गई है। यह कमेटी वृंदावन में जन जागरूकता का काम करेगी। इस अभियान के तहत वृंदावन के निवासियों को इस प्रोजेक्ट से होने वाले लाभ के बारे में बताया जाएगा। यह कमेटी वृंदावन के मंदिर,मठ,आश्रम,संस्थाओं के अलावा भारत सरकार एवं रेल मंत्रालय से भी पत्राचार के माध्यम से संपर्क करेगी। मथुरा वृंदावन रेल लाइन के गेज परिवर्तन का मुद्दा थमने का नाम नहीं ले रहा। मथुरा के निवासियों ने जहां इस प्रोजेक्ट में बदलाव की मांग को लेकर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया है वहीं वृंदावन के निवासियों का कहना है कि इस प्रोजेक्ट से वृंदावन के विकास में चार चांद लग जायेंगे। मथुरा के निवासियों ने इस प्रोजेक्ट में बदलाव की मांग करते हुए ऊपर रेल नीचे कार यही मथुरा की पुकार का नारा देते हुए वृंदावन से मथुरा तक पैदल मार्च किया।
