मथुरा जिले की गोवर्धन तहसील क्षेत्र के गांव मगोर्रा में बृहस्पतिवार सुबह करीब 11.30 बजे पोखर में गिरने से तीन सगे भाइयों की मौत हो गई। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से तीनों बच्चों को निकालकर स्थानीय अस्पताल पहुंचाया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शवों को जिला अस्पताल लाया गया और पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सुपुर्द कर दिए। देर शाम गमगीन माहौल में बच्चों का अंतिम संस्कार कर दिया गया। मगोर्रा निवासी सुंदर सिंह के पुत्र सोनू (10), मोनू (8) व पंकज (6) गांव में ही लगे भंडारे में दावत खाने गए थे। भोजन करने के बाद तीनों पास ही स्थित बरगद के पेड़ के नीचे खेलने लगे। पास में ही पोखर है, जिसके जीर्णोद्धार का काम चल रहा है। बताया जा रहा है कि बरगद की शाखाओं को पकड़कर झूलने के दौरान पंकज की चप्पल पैर से निकलकर पोखर में जा गिरी। वह चप्पल निकालने पोखर के किनारे पर पहुंचा, लेकिन उसका पैर फिसल गया और पानी में जा गिरा। यह देख मोनू और पंकज बड़े भाई को बचाने के लिए पोखर में उतर गए। पोखर में कीचड़ होने से तीनों अंदर ही फंस गए और बाहर नहीं निकल सके। आसपास के लोगों को पता चलते ही दौड़कर मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित करने के साथ भी बचाव कार्य में जुट गए। कुछ ही देर में पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से तीनों बच्चों को निकालकर केएम हॉस्पिटल पहुंचाया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया। पैर फिसलने से हुई तीनों भाई मगोर्रा के प्राथमिक विद्यालय में एक साथ पढ़ाई करते थे। अमृत महोत्सव के तहत पोखर का जीर्णोद्धार करने का कार्य पिछले दिनों से चल रहा था, लेकिन कुछ दिनों पूर्व से कार्य बंद था। ग्रामीण हादसे का कारण काम बंद होना मान रहे हैं। स्कूल के प्रधानाध्यापक हेमेंद्र सिंह ने बताया कि तीनों भाई पढ़ाई में बहुत अच्छे थे और एक दूसरे के साथ हंसमुख व्यवहार करते थे।
