हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा वृंदावन के बीच 12 किलोमीटर रेल ट्रैक को मीटर गेज से ब्रॉड गेज में परिवर्तन करने के लिए कवायद शुरू कर दी है। रेलवे विभाग ने रेल ट्रैक किनारे रह रहे लोगों को नोटिस देना शुरू कर दिया है। बुधवार को रेलवे विभाग के अधिकारी नापतोल करने और ट्रैक को देखने के लिए गई। जहां लोगों ने नोटिस भेजे जाने को लेकर विरोध करते हुए बहस करना शुरू कर दिया। आक्रोशित लोग विरोध के दौरान रेल ट्रैक पर बैठ गए और नारेबाजी करने लगे। मथुरा वृंदावन के बीच डेढ़ दशक पहले मीटर गेज रेल ट्रैक डाला गया था। इस 12 किलोमीटर ट्रैक को मीटर गेज से ब्रॉड गेज में परिवर्तित करने के लिए सांसद हेमा मालिनी ने रेल मंत्री से मुलाकात की। जिसके बाद इस ट्रैक को परिवर्तित करने की कवायद शुरू हो गई। रेलवे के गति शक्ति यूनिट ने इसके लिए काम करना शुरू कर दिया। शुक्रवार को रेलवे के गति शक्ति यूनिट की 5 सदस्यीय टीम नापतोल करने के लिए अमरनाथ स्कूल के पास से गुजर रहे मथुरा वृंदावन रेल ट्रैक पर पहुंची। यहां टीम ने नापतोल शुरू की उसी दौरान आसपास रहने वाले लोग मौके पर आ गए और विरोध करने लगे। आक्रोशित लोगों की रेलवे के अधिकारियों के साथ काफी देर तक बहस होती रही। विरोध करने के दौरान आक्रोशित लोग रेल ट्रैक पर बैठ गए। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने नारेबाजी शुरू कर दी। हंगामा बढ़ता देख मौके पर थाना गोविंद नगर पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन जब वह नहीं माने तो 2,3 लोगों को पकड़ कर थाने ले आया गया। जिसके बाद लोगों का आक्रोश शांत हो गया। विरोध कर रहे लोगों ने बताया कि रेलवे को कितनी जमीन चाहिए यह कई बार पूछा गया लेकिन कोई बताने को तैयार नहीं है। रेलवे अधिकारियों से पूछा जाता है कि चौड़ाई में उनकी कितनी जमीन है यह भी नहीं बताते। लोगों का कहना है कि रेलवे यह बताए कि उनकी कितनी जमीन है उसके बाद ले ले। मौके पर नापतोल करने पहुंचे रेलवे के अधिकारी विरोध कर रहे लोगों के सवालों का जवाब नहीं दे पाए और न ही उनको संतुष्ट कर पाए। विरोध कर रहे लोगों ने जब मौके पर पहुंचे अधिकारियों से नाम जानना चाहा तो वह अपना नाम भी नहीं बता रहे थे। मौके पर गए एक अधिकारी ने नाम न बताते हुए कहा कि वह नोटिस देने आए थे कुछ लोग नोटिस ले नहीं रहे थे लेकिन अब नोटिस ले लिए हैं। लोगों की नाराजगी की वजह जब उनसे जानने का प्रयास किया तो उन्होंने कुछ भी नहीं बताया। करीब आधा घंटे तक होती रही बहस के बाद लोग शांत हो गए। उत्तर मध्य रेलवे आगरा मंडल की पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि टीम मेजरमेंट और ट्रैक को देखने गई थी। कुछ लोगों ने नाराजगी जताई जिनको समझा दिया गया। अब मौके पर कोई दिक्कत नहीं है टीम अपना काम कर रही है।
7455095736
Author: Vijay Singhal
50% LikesVS
50% Dislikes
