हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। वृंदावन मुख्यमंत्री पोर्टल पर भेजी गई शिकायतों के निस्तारण को लेकर के भले ही मुख्यमंत्री कार्यालय संजीदा हो और समय-समय पर कार्यवाही और चेतावनी दी जाती रही हो लेकिन मथुरा जनपद के कुछ विभाग ऐसे हैं जो मुख्यमंत्री के पोर्टल के शिकायतों को निस्तारण करने में रुचि नहीं लेते और उनका निस्तारण गलत तरीके से कर देते हैं ऐसा ही मामला वृंदावन में देखने को मिला जिसमें गुरुकुल वृंदावन निवासी रवि प्रकाश द्वारा वृंदावन में बढ़ रहे प्रदूषण को देखते हुए एक शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई थी कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मथुरा द्वारा क्षेत्र में प्रदूषण मापक यंत्र के माध्यम से प्रदूषण मापा जाए क्योंकि रात और दिन मथुरा वृंदावन में हजारों की संख्या में चार पहिया वाहनों का आना शुरू हो गया है ऐसे में छोटी सी धार्मिक नगरी में तमाम वृद्धा आश्रम विद्यार्थी आश्रम अस्पताल एवं आम जनमानस हैं जिनको लगातार सांस लेने में दिक्कत हो रही है लेकिन प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ते हुए यह जांच आख्या अब पर परिवहन विभाग को सौंप दी है जबकि मुख्यमंत्री पोर्टल की शिकायत में साफ तौर पर लिखा है कि प्रदूषण मापक यंत्र द्वारा ही वृंदावन के प्रेम मंदिर एवं चुंगी चौराहा के प्रदूषण को मापा जाए जिससे कि यह पता चल सके कि वृंदावन के स्थानों ऑक्सीजन का सेवन कर रहे हैं तथा उनके जीवन में इसके क्या घातक परिणाम हो सकते हैं वही संबंध में शिकायत दर्ज कराई यदि इस शिकायत पर गंभीरता से विभाग का नहीं करता है एन जी टी न्यायालय के माध्यम से भी आदेश की कॉपी दे करके इसमें कार्रवाई करेंगे क्योंकि यह जीवन जीने का अधिकार है।जो कि संविधान ने हम सभी को दिया है।
