हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल। अतीक अहमद के काफिले पर हमला करके छुड़ाने की तैयारी में असद फिराक में था। अहमद की मुठभेड़ में मौत के बाद यूपी पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अहम जानकारी दी है. एडीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने कहा कि इस घटना के संबंध में पुलिस की टीम वॉरंट बी लेकर दो महत्वपूर्ण जगहों पर गई थी। साबरमती और बरेली जेल से दो नामजद अभियुक्तों को लाया गया था। ऐसा इनपुट था कि रास्ते में काफिले पर हमला करके अपराधियों को छुड़ाया जा सकता है। 24 फरवरी को जिस तरह की घटना हुई उसे देखते हुए स्पेशल फोर्स और सिविल पुलिस की टीमें लगायी गयी थीं।
एडीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने कहा कि, आज दिन में लगभग साढ़े 12 से एक के बीच में एक सूचना के आधार पर कुछ लोगों को इंटरसेप्ट किया गया तो उस दौरान दोनों तरफ से गोलियां चलीं। इस ऑपरेशन में हमारी एसटीएफ की टीम थी. इनकी पहचान असद पुत्र अतीक अहमद और गुलाम पुत्र मकसूदन के रूप में हुई। इस पूरे ऑपरेशन को एसटीएफ की टीम ने किया है।
एडीजी लॉ एंड ऑर्डर ने कहा कि अभियुक्तों के पास से अत्याधुनिक विदेशी हथियार, ब्रिटिश बुलडॉग रिवॉल्वर 455 बोर और वॉल्थर पिस्टल 7.62 बोर बरामद की गई है।हमारी टीम में जो लोग शामिल रहे उसका नेतृत्व डिप्टी एसपी नवेंदु कुमार और डिप्टी एसपी विमल कुमार सिंह ने किया है। इसके अतिरिक्त उस टीम में दो निरीक्षक, एक उप निरीक्षक, चार मुख्य आरक्षी और दो कमांडो भी शामिल रहे हैं।
एडीजी लॉ एंड ऑर्डर ने कहा कि, आगे भी अपराध और अपराधियों के प्रति जो शासन के निर्देश हैं उसका अनुपालन एसटीएफ और सिविल पुलिस करेगी. समय समय जो भी उपलब्धियां होंगी हम शेयर करेंगे। मैं व्यक्तिगत रूप से हमारे एसटीएफ के साथियों को बधाई देता हूं, जिन्होंने प्रतिकूल परिस्थितियों में ऑपरेशन को अंजाम दिया। इस ऑपरेशन में शामिल लोगों की शासन की ओर प्रशंसा की गई और धन्यवाद दिया गया है।
