हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। गोवर्धन में गिरिराज संत सेवा आश्रम के महंत राधा मोहन दास रघुनाथ सिद्ध ने बताया कि चैतन्य महाप्रभु के शिष्य सनातन गोस्वामी का गोलोकवास हुए 468 वर्ष पूर्ण हो चुके हैं। इस बार उनके शिष्यों द्वारा 469वां गुरु पूर्णिमा महोत्सव शुरू किया जाएगा। चैतन्य महाप्रभु के शिष्य सनातन गोस्वामी बंगाल के शासन हुसैन शाह के दरबार में मंत्री पद पर कार्यरत थे। इस दौरान भगवान श्री कृष्ण के अवतार माने जाने वाले चैतन्य महाप्रभु द्वारा दीक्षा दिए जाने के बाद सनातन गोस्वामी ने मंत्री पद से त्यागपत्र दे दिया और वृंदावन में वास करने लगे। कुछ समय बाद अपने गुरु चैतन्य महाप्रभु गोवर्धन स्थित चक्रेश्वर महादेव मंदिर के पास एक छोटी सी कुटिया बनाकर भगवान श्री कृष्ण का भजन करने लगे। उन्होंने प्रतिदिन गिरिराज प्रभु की परिक्रमा लगाई। आज भी उनके शिष्य चैतन्य दास बाबा प्रतिदिन अपने साथियों के साथ गिरिराज महाराज की दो परिक्रमा लगाते है। महंत राधा मोहन दास ने बताया कि 468 वर्ष पहले आषाढ़ पूर्णिमा संवत् 1558 को सनातन गोस्वामी का गोलोकवास हो गया। तब उनके शिष्यों ने अपना मुंडन कराकर सनातन गोस्वामी के पार्थिव शरीर को अर्थी पर रखकर गिरिराज परिक्रमा हरि नाम संकीर्तन के साथ की गई थी। गुरु पूर्णिमा पर सनातन गोस्वामी के शिष्य अपने सिर का मुंडन कराकर ढोल, मृदंग, मजीरा के साथ गिरिराज परिक्रमा लगते हैं। इस बार गुरु पूर्णिमा मेला 24 जुलाई से 29 जुलाई तक मनाया जाएगा।
7455095736
Author: Vijay Singhal
50% LikesVS
50% Dislikes
