गोवर्धन के गिरिवर निकुंज पहुंचे राज्यपाल
रविवार को केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान गोवर्धन भंडारा समिति के कार्यक्रम में भाग लेने गोवर्धन के गिरिवर निकुंज पहुंचे। उनको गार्ड ऑफ ऑनर से सलामी दी गई। इसके बाद उन्होंने गोवर्धन भंडारा समिति के मंच से बोलते हुए कहा कि नर का किसी भी रूप में अपमान न करना, फिरता है यहां नारायण वेश बदलकर। आमंत्रण किसी का हो, गोवर्धन जी महाराज चाहते हैं तभी यहां पहुंचते हैं। राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा, कि बीती रात ही केरल पहुंचना था परंतु गोवर्धन महाराज की कृपा से उनकी भूमि पर पहुंचना उनका सौभाग्य है। धर्म और सेवा से समाज का उत्थान हो सकता है। स्वामी विवेकानंद के दो ही आदर्श थे, पहला त्याग और दूसरा सेवा। ब्रजभूमि से श्रीकृष्ण द्वारका गए। दक्षिण में उनके साक्ष्य नहीं मिलते परंतु वहां भक्ति की पराकाष्ठा है। एक भक्त कहते हैं कि जाप शिव का करता हूं और मन श्रीकृष्ण में चला जाता है। राज्यपाल ने कहा, मनीषियों ने सबका सार श्रीमद्भागवत गीता बताया है। भारत की संस्कृति बहुत खूबसूरत है। 16 साल से भूखों को भोजन और प्यासे को पानी पिलाने वाले भंडारा समिति के आयोजक मनोज गोयनका, विनय सिंघल, सेवाधाम आश्रम उज्जैन के संचालक सुधीर गोयनका, नवलेश दीक्षित, समाजसेवी प्रमोद कसेरे सहित तमाम सेवाभावियों का स्वागत भी किया। उनकी सेवा की भूरि भूरि प्रशंसा की। सुधीर गोयनका को उन्होंने बुके भी भेंट कर कहा कि, भले ही वे उम्र में बड़े हैं, परंतु सुधीर के कार्यों को देखकर उनके पैर छूते हैं। सेवा समिति ने वायनाड के लोगों की मदद को 5.11 लाख रुपए भेंट किए।
