हिदुस्तान 24 टीवी न्यूज चीफ विजय सिंघल
मथुरा। गोवर्धन में अलौकिक छप्पन भोग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गिर्राज तलहटी में आयोजित इस कार्यक्रम में भगवान की छवि का अद्भुत श्रृंगार किया गया। इस अवसर पर भगवान को 21 हजार किलो वजन के 56 भोग अर्पित किए गए। अनंत चतुर्दशी के उपलक्ष्य में गोवर्धन परिक्रमा जगमग रोशनी और भक्ति से सराबोर हो उठी। यहां गिर्राज जी की तलहटी में अद्भुत 56 भोग का आयोजन किया गया। गिर्राज तलहटी में हुए अलौकिक छप्पन भोग दर्शन की एसी आभा बिखरी कि श्रद्धालु सुध बुध खो प्रभु को एक टक निहारते रहे। गोवर्धन भगवान को 56 भोग कार्यक्रम में चंद्रयान में विराजमान किया गया। गिर्राज जी का श्रृंगार बेशकीमती रत्नों से किया गया। इसके साथ ही चंद्रयान का निर्माण भी रत्न और चांदी से किया गया। हीरा,मोती,नीलम,पन्ना,पुखराज,गोमिद जैसे नवरत्नों से सजे गिर्राज जी की छवि अलौकिक नजर आ रही थी। गिर्राज जी के साथ ही राधा रानी को विक्रम लैंडर के प्रज्ञान में विराजमान किया गया। गिर्राज जी को 21 हजार किलो व्यंजन प्रसाद के रूप में अर्पित किए गए। इस अलौकिक 56 भोग को 5 दिन में 100 से ज्यादा कारीगरों ने दिन रात मेहनत कर गाय के शुद्ध देसी घी से तैयार किया। इसके बाद इस 56 भोग को राजमहल के स्वरूप में सजाए गए मंडप में विराजमान भगवान गिर्राज जी के समक्ष सजाया गया। गिर्राज तलहटी में आयोजित किए गए इस अद्भुत 56 भोग कार्यक्रम में दर्शन आरती के साथ खुले। भक्तों ने भगवान गोवर्धन नाथ की भव्य महा आरती की। इसके बाद दर्शनों के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। श्रद्धालु प्रभु की भक्ति में इस कदर भाव विभोर हो गए कि वह नाचने झूमने लगे। शहनाई की मधुर ध्वनि और ब्रज के रासलीला के बीच श्रद्धालु झूम झूम कर नृत्य करते दिखे। भगवान गोवर्धन नाथ को अर्पित किए गए इस छप्पन भोग के लिए कार्यक्रम स्थल की आकर्षक सजावट की गई। 3 हजार किलो से ज्यादा देसी विदेशी फूलों से पंडाल को सजाया गया। इसके अलावा रंग बिरंगी लाइट,कपड़े सजावट में चार चांद लगा रहे थे। भगवान गोवर्धन नाथ के इस अलौकिक 56 भोग के दर्शनों के लिए देर रात तक भक्तों का तांता लगा रहा।
7455095736
